ललितपुर: दिनेश परिहार हत्याकांड का मुख्य आरोपी भूरे यादव गिरफ्तार, मृतक और हत्यारा आपस में थे कारोबारी जिगरी दोस्त

ललितपुर। जनपद की चर्चित दिनेश परिहार हत्याकांड का मुख्य आरोपी कृषणा यादव उर्फ भूरे यादव को पुलिस ने गिरफ्तार कर मामले का पटाक्षेप कर दिया बताया गया है कि भूरे यादव पर 25000 का इनाम भी घोषित किया गया था। हत्या का यह मामला भूरे यादव के खिलाफ धारा 302 में पंजीकृत किया गया था।

प्राप्त जानकारी के अनुसार पुलिस अधीक्षक कैप्टन एमएम बेग के निर्देशन में क्षेत्राधिकारी सदर केशव नाथ सर्व लाइंस व एसओजी टीम के साथ अभियुक्त की गिरफ्तारी के लिए उसके ठिकानों पर छापामारी कर रहे थे। तभी उन्हें मुखबिर से सूचना मिली थी रेलवे कॉलोनी हत्याकांड का वांछित अभियुक्त कृष्णा यादव ललितपुर से झांसी की ओर जाने वाली हाईवे पर रेलवे पुल के नीचे छुपा हुआ है जो कहीं भागने की फिराक में है।

मुखबिर की सूचना के आधार पर समस्त पुलिस बल्ले घेराबंदी करना शुरू कर दी और रेलवे पुल के पास से कृष्णा यादव को गिरफ्तार कर लिया। इसके साथ ही उसकी निशानदेही पर हत्या कांड में प्रयुक्त किए गए तमंचे को भी बच्चा जेल के पास स्थित पीतांबरा ग्रेनाइट खदान की झाड़ियों के पास से बरामद कर लिया। इस तरह पुलिस ने मामले का पटाक्षेप करते हुए हत्या आरोपी को जेल भेज दिया है।

मिली जानकारी के अनुसार 15 अगस्त देर शाम को मोहल्ला नेहरू नगर निवासी भूरे यादव ने अपने ही मित्र दिनेश परिहार की आपसी विवाद के चलते गोली मारकर हत्या कर दी थी। बताया गया था कि दौनों ही की आपस में अच्छी मित्रता थी दोनों ही साथ साथ आते-जाते देखे जाते थे। विगत देर शाम दोनों ही दोस्तों के बीच कुछ खटपट हुई। बातों ही बातों में दौनों के बीच जमकर बहस और गरमागर्मी हुई जिसके चलते एक दोस्त भूरे यादव ने अपने ही जिगरी दोस्त की घर से बुलाकर गोली मारकर दी। गोली की आवाज सुनकर आसपास के लोग एकत्रित हुए तो आरोपी घटनास्थल से फरार हो गया था। आनन-फानन में घायल को जिला चिकित्सालय लाया गया जहां डॉक्टरी परीक्षण के बाद डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया था।

सूचना पर सीओ सदर केश्वनाथ के साथ कोतवाल संजय शुक्ला पुलिस बल के साथ घटना स्थल पर पहुंचे थे जहां से जायजा लेकर उन्होंने जिला चिकित्सालय का जायजा लिया और घटनाक्रम के बारे में जानकारी कर मृतक का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया था। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मामला धारा 302 में दर्ज कर मामले की जांच में तथा आरोपी की गिरफ्तारी में जुट गई थी। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए कई स्थानों पर छापेमारी की गई थी जिसमें पुलिस को हत्या आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त हुई।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button