
न गंवाने वाले नेताजी सुभाष इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (NSIT) के दो इंजीनियरिंग छात्रों के परिवारों को राहत भरा फैसला सुनाया। अदालत ने इंजीनियरिंग के चौथे वर्ष के छात्र के परिवार को 1 करोड़ रुपये से अधिक और तीसरे वर्ष के छात्र के परिवार को 84 लाख रुपये से अधिक का मुआवजा देने का आदेश दिया है। यह फैसला 1 जुलाई को सुनाया गया।
दो छात्रों की सड़क हादसे में हुई थी मौत
मामला वर्ष 2017 में हुए एक सड़क हादसे से जुड़ा है, जिसमें नेताजी सुभाष इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी के दो छात्रों की जान चली गई थी। दोनों छात्र इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रहे थे। हादसे के बाद उनके परिवारों ने मुआवजे के लिए कानूनी लड़ाई लड़ी, जिस पर अब हाई कोर्ट ने अपना फैसला सुनाया है।

परिवारों को आर्थिक राहत देने का आदेश
दिल्ली हाई कोर्ट ने चौथे वर्ष के छात्र के परिवार को 1 करोड़ रुपये से अधिक का मुआवजा देने का निर्देश दिया। वहीं, उसी दुर्घटना में जान गंवाने वाले तीसरे वर्ष के छात्र के परिवार को 84 लाख रुपये से अधिक की राशि देने का आदेश दिया गया। अदालत ने माना कि दोनों परिवारों को उचित आर्थिक सहायता मिलनी चाहिए।
1 जुलाई को आया अहम फैसला
हाई कोर्ट का यह फैसला 1 जुलाई को सुनाया गया। माना जा रहा है कि यह आदेश सड़क दुर्घटनाओं में जान गंवाने वाले युवाओं के परिवारों के लिए न्याय और उचित मुआवजे के अधिकार को लेकर एक महत्वपूर्ण मिसाल साबित हो सकता है।




